द. और उ. कोरिया के बीच“पानमुन्जोम घोषणा-पत्र”जारी

2018-04-28 12:32:11

दक्षिण कोरियाई राष्ट्रपति मून जाए-इन और उत्तर कोरियाई सर्वोच्च नेता किम जोंग-उन ने 27 अप्रैल को पानमुन्जोम में वार्ता की। इसके बाद पानमुन्जोम घोषणा-पत्र जारी किया गया और घोषित किया गया कि दोनों पक्ष कोरिया प्रायद्वीप में गैरनाभिकीकरण की प्राप्ति और युद्ध विराम समझौते से शांति समझौते तक परिवर्तन व्यवस्था को बखूबी अंजाम देने के लिए प्रयास करेंगे।

सियोल समय के अनुसार 27 अप्रैल की शाम को 6 बजे के आसपास पानमुन्जोम के दक्षिण कोरिया में स्थित“शांति घर”में मून जाए-इन और किम जोंग-उन ने वार्ता समाप्त कर “कोरिया प्रायद्वीप में शांति, समृद्धि और एकीकरण की प्राप्ति वाले पानमुन्जोम घोषणा-पत्र” पर हस्ताक्षर किए। हस्ताक्षर मेज़ के सामने दोनों नेताओं ने मुस्कुराते हुए एक-दूसरे को गले लगाते हुए बधाई दी। इस दौरान शांति-घर में गर्मजोशी से तालियां बजाई गई।

  मून जाए-इन ने कहा कि प्रायद्वीप में युद्ध नहीं होगा, नई शांति का अध्याय जोड़ा गया है। वहीं किम जोंग-उन ने कहा कि पूरी जाति का युद्ध रहित भूमि पर सुखमय और समृद्ध नया युग शुरु होगा। उन्होंने मून जाए-इन के साथ ऐतिहासिक उत्तरदायित्व और मिशन के साथ आम सहमतियां प्राप्त कीं।

घोषणा-पत्र में कोरियाई प्रायद्वीप में गैर-नाभिकीकरण को बखूबी अंजाम देने वाला समान लक्ष्य स्पष्ट किया गया। वहीं दोनों पक्षों ने इस बात का एलान किया कि इस वर्ष के भीतर कोरिया युद्ध विराम समझौते को शांति समझौते में बदला जाएगा। साथ ही स्थाई शांति व्यवस्था स्थापित की जाएगी और दक्षिण कोरिया, उत्तर कोरिया और अमेरिका त्रि-पक्षीय वार्ता या दक्षिण कोरिया, उत्तर कोरिया अमेरिका और चीन चार पक्षीय वार्ता को सक्रिय रूप से आगे बढ़ाया जाएगा।

घोषणा-पत्र में वचन दिया गया कि द. और उ. कोरिया व्यापक तौर पर शत्रुतापूर्ण कार्रवाई को बंद करेंगे, आदान-प्रदान और सहयोग मज़बूत करेंगे। दक्षिण और उत्तर संपर्क कार्यालय की स्थापना की जाएगी और बिछड़े हुए परिजनों का पुनः मिलन आयोजित किया जाएगा। दोनों पक्षों ने फैसला किया कि आगामी शरत ऋतु में मून जाए-इन उत्तर कोरिया की यात्रा करेंगे।

(श्याओ थांग)

न्यूज़ व्यापार पर्यटन बाल-महिला स्पेशल विश्व का आईना चीनी भाषा सीखें वीडियो फोटो गैलरी