टिप्पणी:चीन-फ्रांस कूटनीतिक संबंध की 55वीं वर्षगांठ पर पालन करने योग्य मापदंड

2019-03-25 11:31:01

इस प्रकार की स्वतंत्रता से चीन के प्रति फ्रांस की कूटनीति भी खास है और द्विपक्षीय संबंध का पर्याप्त विकास साकार हुआ। उदाहरण के लिए दोनों देशों के बीच 102 प्रांतों और शहरों के बीच मित्रवत संबंध स्थापित हुए, फ्रांस में पढ़ने वाले चीनी विद्यार्थियों की संख्या करीब 40 हज़ार तक पहुंच गई, एक लाख से ज्यादा फ्रांसीसी विद्यार्थी चीनी भाषा सीखते हैं। सरकारी और गैर-सरकारी घनिष्ठ आवाजाही से दोनों देशों के बीच दूरी बड़े हद तक कम हुई।

अवश्य है कि चीन-फ्रांस संबंध के विकास और गहराई को आपस में खुलेपन और सहयोग से लाभ मिला है। साल 1978 में चीन में सुधार और खुलेपन की नीति लागू करने के शीघ्र बाद, तत्कालीन चीनी नेता तंग श्याओफिंग ने घोषणा की कि फ्रांसीसी तकनीक का निवेश करके चीन में बड़े पैमाने वाले परमाणु बिजली घर की स्थापना की जाए। परमाणु बिजली घर न केवल असाधारण आधारभूत संस्थापन है, बल्कि संबंधित सहयोग असाधारण वाणिज्यिक कार्रवाई भी है। विश्लेषकों के विचार में चीन और फ्रांस के बीच परमाणु बिजली का सहयोग द्विपक्षीय राजनीतिक आपसी विश्वास पर आधारित है। वास्तव में राजनीतिक आपसी विश्वास दोनों देशों के बीच गहरे सहयोग को आगे बढ़ाता है। गत वर्ष चीन और फ्रांस के बीच व्यापारिक रकम 62 अरब 90 करोड़ अमेरिकी डॉलर तक पहुंच गई, जो साल 2017 की तुलना में 15.5 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी हुई, यह इतिहास में एक रिकोर्ड है।

वर्तमान में विश्व के विभिन्न देश अभूतपूर्व परिवर्तन से गुज़र रहे हैं। ऐसी पृष्ठभूमि में फ्रांस और यूरोपीय संघ चीन के प्रति संबंध को बदलने में प्रयासरत हैं, लक्ष्य है कि उनकी स्पर्धा शक्ति बनायी रखी जा सकेगी। चीन और यूरोपीय संघ के बीच आपसी संपर्क वाले सहयोग को लगातार आगे बढ़ाने की प्रक्रिया में फ्रांस के भीतर लोगों की नज़र“बेल्ट एंड रोड”पर केंद्रित होने लगी है।

न्यूज़ व्यापार पर्यटन बाल-महिला स्पेशल विश्व का आईना चीनी भाषा सीखें वीडियो फोटो गैलरी