अमेरिका ने गंभीर रूप से अंतर्राष्ट्रीय नीति-नियमों को खत्म किया

2019-08-07 11:01:03

पेइचिंग समयानुसार 6 अगस्त को अमेरिकी वित्त मंत्रालय ने चीन को विनिमय दर के नियंत्रण वाले देशों में शामिल किया। इस की चर्चा में चीनी केंद्रीय बैंक—— चीनी जन बैंक के उप महानिदेशक छेन यूलू ने सीएमजी को विशेष इन्टरव्यू देते समय कहा कि अमेरिका की यह कार्रवाई एकपक्षीयवाद व संरक्षणवाद की कार्रवाई है। जिसने गंभीर रूप से अंतर्राष्ट्रीय नीति-नियमों को बर्बाद किया। साथ ही वैश्विक अर्थव्यवस्था व वित्तीय व्यवस्था पर बुरा असर पड़ेगा।

छेन यूलू ने अमेरिका की इस कार्रवाई का कड़ा विरोध किया। उन के अनुसार चीन को विनिमय दर के नियंत्रण वाले देशों में शामिल करना बिल्कुल गलत है, जो अर्थशास्त्र के बुनियादी ज्ञान और अंतर्राष्ट्रीय समुदाय की सहमति से मेल नहीं खाता, साथ ही अमेरिकी वित्त मंत्रालय के विनिमय दर के नियंत्रण से जुड़े अपने तथाकथित मापदंडों से भी मेल नहीं खाता। इस के प्रति हम कड़ा विरोध करते हैं।

छेन यूलू ने बल देकर कहा कि चीन एक जिम्मेदार बड़ा देश है। चीन ने मुद्रा का प्रतिस्पर्धी अवमूल्यन कभी नहीं किया। साथ ही चीन ने विनिमय दर को प्रतिस्पर्द्धा का साधन भी कभी नहीं माना।

छेन के अनुसार चाहे वर्ष 1997 में हुए एशियाई वित्तीय संकट या वर्ष 2008 में हुए अंतर्राष्ट्रीय वित्तीय संकट के दौरान चीन ने बड़ी जिम्मेदारी के साथ आरएमबी की विनिमय दर को स्थिर बनाने का वचन दिया। जिसने वैश्विक आर्थिक पुनरुत्थान और अंतर्राष्ट्रीय वित्तीय बाजार की स्थिरता के लिये बड़ा योगदान दिया है।

(चंद्रिमा)

न्यूज़ व्यापार पर्यटन बाल-महिला स्पेशल विश्व का आईना चीनी भाषा सीखें वीडियो फोटो गैलरी