जल्द ही बेहतर होंगे चीन-भारत संबंधः बल्लभ

2017-09-07 11:10:01

जल्द ही बेहतर होंगे चीन-भारत संबंधः बल्लभ

चीन और भारत के बीच दोस्ती की मिसाल जानकी बल्लभ 89 साल के हो चुके हैं। इस मौके पर पेइचिंग में उनका जन्म दिन धूम-धाम से मनाया गया। इस दौरान उनके तमाम शुभचिंतक, दोस्त और परिजन मौजूद थे।

यहां बता दें कि 1956 में चीन पहुंचे बल्लभ ने विदेशी भाषा प्रकाशन गृह और सीआरआई में काम किया। इसके साथ ही 1962 के चीन-भारत युद्ध की पीड़ा को भी झेला। उस वक्त रिश्ते इतने ख़राब हो गए थे कि बल्लभ समेत तमाम भारतीयों को चीन से वापस जाना पड़ा था। लेकिन बाद में संबंध बेहतर हुए और बल्लभ का चीन से संपर्क बना रहा। उन्होंने भारत स्थित चीनी दूतावास में भी काम किया। साथ ही चीन-भारत से जुड़ी कई पुस्तकों का अनुवाद भी किया, जिनमें चेयरमेन माओ त्सेतुंग की रचनाएं और क्रांति के दौर की पुस्तकें शामिल हैं। हाल के दिनों में उन्होंने पश्चिम की तीर्थ यात्रा, बौद्ध धर्म के मूल सिद्धांत पुस्तक का भी अनुवाद कार्य किया है। चीन के प्रति उनके समर्पण को इसी से समझा जा सकता है कि वह 89 साल की उम्र में अनुवाद कार्य में जुटे हैं। वहीं समय-समय पर चीन संबंधी मुद्दों पर अपनी राय रखने से भी बल्लभ गुरेज नहीं करते।

वर्तमान में जारी डोकलाम विवाद पर बल्लभ कहते हैं कि दोनों देशों के संबंध आने वाले समय में जरूर मजबूत होंगे। यह समस्या कुछ समय में खत्म हो जाएगी।

उनके जन्म दिन पर भारत में चीन के राजदूत रहे चोउ कांग ने उम्मीद जताई कि चीन और भारत के बीच जल्द ही शांति कायम होगी। उन्होंने कहा कि जानकी बल्लभ ने चीन और भारत के बीच दोस्ती और शांति स्थापित करने के लिए अहम योगदान दिया है। आने वाली पीढ़ी को उनसे सीख लेनी चाहिए।

जल्द ही बेहतर होंगे चीन-भारत संबंधः बल्लभ

जल्द ही बेहतर होंगे चीन-भारत संबंधः बल्लभ

जल्द ही बेहतर होंगे चीन-भारत संबंधः बल्लभ

जल्द ही बेहतर होंगे चीन-भारत संबंधः बल्लभ

अनिल पांडेय

कैलेंडर

न्यूज़ व्यापार पर्यटन बाल-महिला स्पेशल विश्व का आईना चीनी भाषा सीखें वीडियो फोटो गैलरी